1 अप्रैल से झटका: तेल कंपनियों ने बढ़ाए LPG सिलेंडर के रेट
हर महीने की पहली तारीख को तेल मार्केटिंग कंपनियों की ओर से एलपीजी के दाम जारी किए जाते हैं। अब नए वित्त वर्ष के पहले दिन आम जनता को महंगाई का जोरदार झटका लगा है। एक बार फिर कंपनियों की ओर से एलपीजी के रेट में वृद्धि के दी गई है, जिसका सीधा असर आम आदमी की जेब पर होने वाला है। पश्चिम एशिया में जो सैन्य संघर्ष और अस्थिरता देखने को मिल रही है। उसके चलते वैश्विक स्तर पर तेल की कीमतों में उछाल आया है। हर जगह कच्चे तेल की कीमत काफी बढ़ गई है। यही वजह है कि गैस की कीमतों में भी इजाफा किया गया है।
कहां कितना है LPG का दाम
तेल कंपनियों की ओर से जारी किए गए आंकड़ों के मुताबिक राजधानी दिल्ली में 19 किलो वाले कमर्शियल गैस सिलेंडर की कीमत 2078.50 रुपए हो गई है। एक महीने के अंतराल में सिलेंडर की कीमतों में 300 रुपए का उछाल देखने को मिला है। कोलकाता में इसकी कीमत 1990 से 2208 हो गई है। चेन्नई में इसके दाम 2043.50 से बढ़कर 2246.50 हो गए हैं। मुंबई में इसके रेट 2031 रुपए पर पहुंच गए हैं जो पहले 1835 रुपए थे।
4 महीने से लगातार बढ़ रही कीमत
कॉमर्शियल LPG की कीमतों में पिछले 4 महीने से लगातार उछाल देखने को मिल रहा है। लगभग 5 बार भाव में वृद्धि की जा चुकी है। सबसे पहले 1 मार्च को इसकी कीमत 28 रुपए बढ़ी थी। 7 मार्च को यह 114.5 रुपए महंगा हुआ था। फरवरी में इसके दाम 49 रुपए और जनवरी में 111 रुपए बढ़े थे। दिसंबर 2025 में भाव में कटौती देखने को मिली थी।
कितनी है घरेलू सिलेंडर की कीमत
महंगाई की इस मार के बीच राहत की बात यह है कि घरेलू सिलेंडर की कीमतों में वृद्धि नहीं की गई है। आखिरी बार 7 मार्च 2026 को इसके दाम 60 रुपए बढ़ाए गए थे। बिना सब्सिडी का घरेलू सिलेंडर दिल्ली में 913 रुपए कोलकाता में 939 रुपए, मुंबई में 912.50 रुपए और चेन्नई में 928.50 रुपए में मिल रहा है।

प्रफुल्ल पटेल और तटकरे पर लगे आरोपों को पार्थ पवार ने बताया बेबुनियाद
वोटर लिस्ट विवाद: मालदा में न्यायिक अधिकारियों पर बंधक बनाकर विरोध प्रदर्शन
बंगाल में शाह का दावा: ममता सरकार की विदाई तय
सत्र 2026-27 से लागू होगा नया CBSE सिलेबस, छात्रों को करना होगा ध्यान
जमीन विवाद के बीच बना सरकारी भवन, अब उपयोग पर उठे सवाल
भर्ती प्रक्रिया निरस्त: हाई कोर्ट बोला- फिर से जारी करें प्लाटून कमांडर का विज्ञापन
सीधे संपर्क का मामला, HC ने पूछा- क्यों न हो कार्रवाई?
डॉ. मोहन यादव का बड़ा हमला: ममता बनर्जी अब ‘दीदी’ नहीं, ‘अप्पी
माइंस विभाग ने 13 प्रतिशत वृद्धि के साथ 10394 करोड़ से अधिक का राजस्व संग्रहण कर रचा नया इतिहास-एसीएस माइंस