चेहरे को चाहिए इंस्टेंट ग्लो? आज़माएं दही वाला ये घरेलू पैक
बहुत से लोग ऐसे होते हैं जो न तो दही खाना पसंद करते हैं, न ही इसके फायदों का लाभ उठा पाते हैं। अगर आप भी उन्हीं लोगों में से हैं तो आपको बता दें कि दही आपकी त्वचा के लिए बेहद जरूरी और लाभकारी माना जाता है। यह न सिर्फ त्वचा को पूरी तरह पोषण देता है, बल्कि उसे खूबसूरत भी बनाता है। दही में मौजूद लैक्टिक एसिड त्वचा को साफ करता है और उसे नमी प्रदान करता है। जब आप दही में कुछ प्राकृतिक चीजें मिलाकर लगाते हैं तो इसका असर और भी बेहतरीन होता है। आइए जानते हैं कुछ ऐसी नेचुरल चीजों के बारे में जिन्हें आप दही के साथ मिलाकर लगा सकते हैं।
दही और गुलाब जल
दही और गुलाब जल का मिश्रण त्वचा को ठंडक देने के साथ-साथ उसे हाइड्रेट करता है। ये दोनों ही स्किन के लिए बेहद लाभदायक होते हैं। यह पैक खासतौर पर सेंसिटिव स्किन वालों के लिए फायदेमंद है। इसे इस्तेमाल करने के लिए 1 चम्मच दही में 1 चम्मच गुलाब जल मिलाएं। फिर इसे चेहरे पर लगाएं और 15 मिनट बाद धो लें। अगर आप इस मास्क को हफ्ते में एक से दो बार लगाते हैं तो यह आपकी त्वचा में काफी ग्लो ला देगा।
दही और कॉफी पाउडर
यह पैक त्वचा को डिटॉक्स करने और डेड स्किन हटाने में मदद करता है। कॉफी में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट त्वचा को जवान बनाए रखते हैं, जबकि दही स्किन को सॉफ्ट बनाता है। इसे बनाने के लिए 1 चम्मच दही में 1 चम्मच कॉफी पाउडर मिलाएं। फिर हल्के हाथों से मसाज करें और 15 मिनट बाद धो लें। यह आपकी स्किन को डीप क्लीन करेगा और चेहरे पर निखार लाएगा।
यह पारंपरिक फेस पैक चेहरे की रंगत निखारने और दाग-धब्बे हटाने में बेहद असरदार है। बेसन स्क्रब की तरह काम करता है, हल्दी में एंटी बैक्टीरियल गुण होते हैं और दही त्वचा को मॉइस्चराइज करता है। इसे बनाने के लिए 1 चम्मच दही, 1 चम्मच बेसन और एक चुटकी हल्दी मिलाकर पेस्ट बनाएं। फिर चेहरे पर लगाएं और सूखने पर धो लें।
दही और चुकंदर
चुकंदर त्वचा को नेचुरल पिंक टोन और चमक देता है। इसमें आयरन और एंटीऑक्सीडेंट्स होते हैं जो स्किन को अंदर से हेल्दी बनाते हैं। दही के साथ मिलाकर लगाने से त्वचा सॉफ्ट, ग्लोइंग और टाइट बनती है। इसे बनाने के लिए 1 चम्मच चुकंदर का रस या पेस्ट और 1 चम्मच दही मिलाएं। फिर चेहरे पर लगाएं और 15-20 मिनट बाद धो लें।

राशिफल 23 अप्रैल 2026: जानिए आज का दिन आपके लिए कैसा रहेगा
वनाधिकार पट्टा और पीएम आवास से मुरिया परिवार को मिला नया जीवन
वर्मी कंपोस्ट उत्पादन बनी आत्मनिर्भरता की मिसाल
राज्यपाल पटेल से भारतीय विदेश सेवा के प्रशिक्षु अधिकारी मिले
मध्यप्रदेश को सामाजिक न्याय के क्षेत्र में अग्रणी राज्य बनाने के लिये करें समन्वित प्रयास : मंत्री कुशवाह
लेमनग्रास -किसानों के लिए कम पानी में ज्यादा कमाई का साधन
चेकडैम बना ग्रामीण आत्मनिर्भरता का मजबूत आधार, जल संरक्षण से बदली खेती की तस्वीर
कौशल और सामाजिक उद्यमिता से होगा भारत विकसित : राज्यपाल पटेल
द्वारका नगरी योजना से शहरी विकास को मिलेगी नई गति : मुख्यमंत्री डॉ. यादव
राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन ‘बिहान’ से बदली तस्वीर