हरियाणा की बिल्ली ने पार की सरहदें, विदेशी महिला डॉक्टर बनीं नई मालिक
विदेशी लोग अक्सर भारत से डॉगी और बिल्ली जैसे जानवरों को गोद लेते हैं. इसी तरह का मामला अब हरियाणा के फरीदाबाद से सामने आया है. एक विदेशी वेटनरी डॉक्टर को भारत की बिल्ली इतनी पसंद आई कि उन्होंने उसे गोद लेने का फैसला लिया. अब यह बिल्ली नीदरलैंड में महिला डॉक्टर इल्शा के पास रहेगी.
फरीदाबाद की आस्था एनिमल हॉस्पिटल फाउंडेशन की तरफ से इस बिल्ली को दिल्ली से रेस्क्यू कर इलाज के लिए फरीदाबाद लाया गया था. नीरलैंड की डॉ. इल्शा जब शेल्टर के दौरे पर आईं तो उन्हें बिल्ली पसंद आ गई. गुरुवार को वह बिल्ली को लेकर नीदरलैंड के लिए रवाना हो गईं. इससे पहले भी भारतीय नस्ल के तीन डॉग इंग्लैंड भेजे जा चुके हैं.
आस्था एनिमल हॉस्पिटल फाउंडेशन के ट्रस्टी की मानें तो दिल्ली में एक बिल्ली के बीमार होने की सूचना साल 2024 अगस्त में मिली. इसे लेकर उनकी टीम दिल्ली पहुंची. वहां से बिल्ली जिसका नाम भूरी है, उसे इलाज के लिए आस्था एनिमल हॉस्पिटल लेकर आए. यहां उसका कई महीनों तक इलाज चला. वह ट्रीटमेंट के बाद ठीक भी हो गई.
कैट लवर हैं डॉक्टर इल्शा
दिसंबर 2024 में नीदरलैंड की वेटनरी डॉक्टर इल्शा शेल्टर का दौरा करने आईं तो उन्होंने इस बिल्ली को देखा. देखते ही उन्होंने इसे गोद लेने का फैसला कर लिया. इल्शा एक कैट लवर हैं. इसलिए वह बिल्ली को अपने यहां ले जाना चाहती थीं. इसके बाद फाउंडेशन के सदस्यों ने बिल्ली को नीदरलैंड भेजने की तैयारी शुरू कर दी. सारे कागजात पूरे किए गए और गुरुवार को बिल्ली ने शाम 6 बजे नीदरलैंड के लिए उड़ान भर ली.
विदेशी लोगों इंडी ब्रीड भा रही
इससे पहले साल 2021 से लेकर 2023 तक भारतीय नस्ल (इंडी ब्रीड) के तीन डॉग रॉकी, मोहिनी और लक्की भी इंग्लैड जा चुकी हैं. वहां के रहने वाले लोगों ने इन तीनों भारतीय नस्ल के देसी कुत्तों को गोद लिया है.

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